देहरादून (हि. डिस्कवर)।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का यह बड़ा कदम माना जा रहा है क्योंकि पिछले कुछ बर्षों से जिस तरह मुख्य सचिव ओम प्रकाश की धमक के सामने विधायक मंत्री सब बौने नजर आते थे व बड़े प्रोजेक्टों की फाइल्स धूल फांकती थी। मुख्यमंत्री खुद हतप्रभ रहते थे कि यह फ़ाइल व आदेश मैंने कब साइन की होगी? अब ऐसा चौथे तल का यह तिलिस्म पुष्कर सिंह धामी ने मुख्यमंत्री बनते ही चंद घंटों में धाराशायी कर दिया और कुर्सी सम्भालते ही 1988 बैच के उत्तराखण्ड कैडर के आईएएस सुखवीर सिंह संधू को मुख्य सचिव नियुक्त कर दिया है।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के इस निर्णय से सचिवालय की बर्षों से प्रभावशाली आईएएस लॉबी की हालत काटो तो खून नहीं जैसी हो गयी है। सचिवालय के गलियारों से इस निर्णय के बाद जहां खूब सुगबुगाहट रही वहीं आईएएस लॉबी में बेचैनी नजर आ रही है। दबी जुबान यह भी चर्चा है कि जिस कार्य को पूर्व मुख्यमंत्री तीरथ सिंह रावत 115 में नहीं कर पाए वह धामी ने मात्र कुछ ही घण्टों में कर दिया है।
अंदेशा है कि इस हफ्ते के अंदर कई भारी भरकम विभागों में कुंडली मारे बैठे आईएएस अधिकारियों से उनके विभाग हल्के होने शुरू हो जाएंगे।
ज्ञात हो कि संधू 1988 बैच के आई IAS अफसर हैं और फिलहाल NHAI के चेयरमैन के पद पर काबिज हैं। 2019 में उन्हें राष्ट्रीय राजमार्ग विकास प्राधिकरण का जिम्मा सौंपा गया था।

