Wednesday, February 25, 2026
Homeउत्तराखंडपुलिसकर्मियों को अब मिलेगी परिवार में जन्मदिन मनाने और शादी की सालगिरह...

पुलिसकर्मियों को अब मिलेगी परिवार में जन्मदिन मनाने और शादी की सालगिरह के लिए छुट्टी

देहरादून। पुलिसकर्मियों को अब परिवार के सदस्यों के जन्मदिन और शादी की सालगिरह मनाने के लिए भी छुट्टी मिलेगी। डीजीपी अशोक कुमार ने इस छुट्टी को तत्काल मंजूर करने के निर्देश जारी किए हैं। वह जमीनी स्तर पर काम करने वाले अधिकारियों और पुलिसकर्मियों के साथ संवाद कर रहे थे। इस दौरान पुलिसकर्मियों ने अपनी समस्याएं भी बताईं। पुलिस लाइन में डीजीपी के साथ संवाद में डीएसपी, इंस्पेक्टर, सब इंस्पेक्टर, एएसआई, हेड कांस्टेबल और सिपाहियों ने हिस्सा लिया। इन अधिकारियों और कर्मचारियों ने पुलिसिंग को बेहतर करने के सुझाव भी दिए। साथ ही समस्याओं के निस्तारण की कार्ययोजना भी बताई। पुलिस मंथन कार्यक्रम के तहत आयोजित इस संवाद कार्यक्रम में 136 पुलिसकर्मियों और अधिकारियों ने हिस्सा लिया।

कार्यक्षमता कैसे सुधारें, व्यवहारिक कठिनाइयों, उसमें बदलाव की जरूरत, प्रशिक्षण, कल्याण, कार्मिक संबंधी मुद्दों पर भी चर्चा की गई। छुट्टी के विषय में डीजीपी अशोक कुमार ने कहा कि आकस्मिक छुट्टी के प्रार्थनापत्र व्हॉट्सएप पर भी दिए जा सकते हैं। विचार करने के बाद छुट्टी मिल सकेगी। पुलिसकर्मी परिवार में जन्मदिन, शादी की सालगिरह आदि पर आकस्मिक छुट्टी मांगते हैं। अब यह छुट्टी तत्काल मंजूर होगी।

साहब! अपने पैसों से तेल खरीदकर करते हैं गश्त
चीता पुलिसकर्मियों ने डीजीपी को बताया कि गश्त के लिए प्रतिमाह 30 लीटर पेट्रोल दिया जाता है। यह पेट्रोल कुछ दिन ही चल पाता है। डीजीपी अशोक कुमार ने कहा कि अब चीता पुलिस को पेट्रोल की कमी नहीं आने दी जाएगी। इसके लिए जल्द व्यवस्था बनाई जाएगी। अभी तक थाना प्रभारी स्तर के अधिकारी से सीयूजी नंबर की शुरुआत होती है। डीजीपी ने अब चौकियों को भी सीयूजी नंबर देने की घोषणा की है। चीता पुलिस को भी सीयूजी मोबाइल नंबर दिए जाएंगे। महिला हेल्प डेस्क के लिए भी सीयूजी नंबर की व्यवस्था जल्द की जाएगी।

Himalayan Discover
Himalayan Discoverhttps://himalayandiscover.com
35 बर्षों से पत्रकारिता के प्रिंट, इलेक्ट्रॉनिक व सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर सामाजिक, आर्थिक, राजनैतिक, धार्मिक, पर्यटन, धर्म-संस्कृति सहित तमाम उन मुद्दों को बेबाकी से उठाना जो विश्व भर में लोक समाज, लोक संस्कृति व आम जनमानस के लिए लाभप्रद हो व हर उस सकारात्मक पहलु की बात करना जो सर्व जन सुखाय: सर्व जन हिताय हो.
RELATED ARTICLES